
आगामी लोकसभा मतदान-2024 को पारदर्शी, निष्पक्ष एवं शांतिपूर्ण ढंग से संपूर्ण करवाने के लिए निष्पक्ष मतदान करने पर दिया बल
चंडीगढ़, 5 अप्रैल:(विश्ववार्ता) आगामी लोकसभा मतदान-2024 को पारदर्शी, निष्पक्ष एवं शांतिपूर्ण ढंग से संपूर्ण करवाना यकीनी बनाने के मद्देनजऱ पंजाब पुलिस के विशेष डायरैक्टर जनरल, कानून और व्यवस्था अर्पित शुक्ला ने सीमा सुरक्षा बल के साथ रणनीति तैयार की ताकि सुरक्षा की दूसरी कतार को और मज़बूत किया जा सके और सीमा-पार से नशों की स्पलाई को पूरी तरह रोका जा सके।
उन्होंने कहा कि पंजाब पुलिस ने शराब और नशों की तस्करी को रोकने के लिए सूबे के 10 सीमावर्ती जिलों के सभी सीलिंग प्वाईंटों पर पहले ही तालमेल करके सख्त अंतरराज्यीय नाके लगाए हैं। 10 अंतरराज्यीय सरहदी जिलों में पठानकोट, मुक्तसर साहिब, फाजिल्का, रोपड़, एसएएस नगर, पटियाला, संगरूर, मानसा, होशियारपुर और बठिंडा शामिल हैं।
उन्होंने कहा कि सूबे के संवेदनशील जिलों में केंद्रीय हथियारबंद पुलिस बलों (सीआरपीएफ) की 25 कंपनियां तैनात की गई हैं ताकि नागरिकों में पुलिस बल के प्रति विश्वास पैदा किया जा सके और राज्य में संवेदनशील एवं अति-संवेदनशील क्षेत्रों में नियंत्रण बनाया जा सके। 25 कंपनियों में केंद्रीय रिज़र्व पुलिस बल (सी.आर.पी.एफ) की पांच कंपनियां, सीमा सुरक्षा बल (बीएसएफ) की 15 कंपनियां और इंडो-तिब्बत बार्डर पुलिस (आईटीबीपी) की 5 कंपनियां शामिल हैं।
बीएसएफ और पंजाब पुलिस के बीच और अधिक तालमेल एवं एकजुटता बढ़ाने का न्योता देते हुए, स्पैशल डीजीपी अर्पित शुक्ला ने राज्य में पारदर्शी और निष्पक्ष मतदान को यकीनी बनाने के लिए दोनों बलों को एक टीम के तौर पर काम करने के लिए कहा।
उन्होंने कहा कि सुरक्षा की अग्रिम कतार में तैनात होने के कारण बीएसएफ को आतंकवादियों, दहशतगर्दों/तस्करों द्वारा तस्करी और घुसपैठ की कोशिशें रोकने के लिए और अधिक सतर्क और सक्रिय रहने की ज़रूरत है। उन्होंने अंतरराष्ट्रीय सीमा पर रात की गश्त पर तैनात पुलिस कर्मचारियों की संख्या बढ़ाने के भी हुक्म दिए।





















