कई गांवों में हुई भारी ओलावृष्टि से फसलों में नुकसान -किसानों की परेशानी बढ़ी

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कई गांवों में हुई भारी ओलावृष्टि से फसलों में नुकसान
-किसानों की परेशानी बढ़ी
सोनीपत,16 जनवरी गोहाना: सोनीपत के गोहाना क्षेत्र के कई गांवों में बारिश के साथ हुई तेज ओलावृष्टि हुई, जिससे सैकड़ों किसानों की फसलें बर्बाद हो गई। खेतों व
गांवों में ओले ही ओले नजर आए। किसानों ने प्रशासन से ओलावृष्टि से फसलों में हुए नुकसान की स्पेशल गिरदावरी करवाकर मुआवजा देने की मांग की है।
बृहस्पतिवार दोपहर करीब एक बजे बारिश के साथ ओलावृष्टि शुरू हुई। कई
गांवों में करीब दस से पंद्रह मिनट तक ओलावृष्टि हुई। गांव बिधल, जौली,
लाठ, बिललिबान, सरगथल, जसराना, आंवली व अन्य गांवों की गलियों में
जगह-जगह ओलों की परत जमा हो गई। किसानों ने कहा कि ओलावृष्टि से गेहूं,
सरसों व सब्जियों की फसलों में काफी नुकसान हुआ है। ग्रामीणों ने प्रशासन
से ओलावृष्टि से हुए नुकसान को लेकर स्पेशल गिरदावरी करवाकर उचित मुआवजा
दिया है। क्षेत्र में कई मार्गों पर ओलों के चलते सफेद परत जम गई। इससे
वाहन चालकों को भी परेशानी हुई। जींद रोड स्थित नई अनाज मंडी में
किसानों की धान की फसल खुले में पड़ी है। बारिश के चलते किसानों का धान
भीग गया। मंडी में करीब दो हजार क्विंटल धान की फसल भीग गई।
क्षेत्र के कई गांवों में बारिश के साथ ओलावृष्टि हुई है।
डॉ. राजेंद्र प्रसाद, एसडीओ, गोहाना, कृषि एवं किसान कल्याण विभाग ने कहा की
जिन किसानों के  खेतों में जलभराव व ओलावृष्टि से नुकसान हुआ है वे कृषि विभाग कार्यालय
में पहुंच कर फार्म जमा कराएं। फार्म केवल वहीं किसान भर सकेंगे
जिन्होंने प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना के तहत बीमा करवा रखा है। किसानों
को बारिश व ओलावृष्टि के 48 से 72 घंटे के अंदर आवेदन करना होता है। इसके बाद सर्वे किया जाएगा।